Best Places to Visit in Summer in India 2026 | Top Cool Destinations
भारत में गर्मियों में घूमने की 15 सबसे अच्छी जगहें 2026 | Best Summer Destinations in India
गर्मियों की छुट्टियां आते ही मन करता है कि कुछ दिनों के लिए शहर की गर्मी, ट्रैफिक और रोज की भागदौड़ से दूर किसी ठंडी और खूबसूरत जगह पर चला जाए। खासकर दिल्ली-NCR में रहने वालों के लिए पहाड़ हमेशा से पसंदीदा रहे हैं। मसूरी, नैनीताल और शिमला जैसे हिल स्टेशन गर्मियों में बड़ी संख्या में पर्यटकों को अपनी ओर खींचते हैं।
मसूरी दिल्ली-NCR के सबसे लोकप्रिय Weekend Destinations में से एक है। यहां का सुहावना मौसम और पहाड़ों के खूबसूरत नजारे हर किसी को पसंद आते हैं। लेकिन छुट्टियों के मौसम में बढ़ती भीड़, ट्रैफिक जाम और होटल के बढ़े हुए किराये कई बार सफर का मजा कम कर देते हैं।
अगर आप इस गर्मी कुछ अलग और थोड़ा सुकून भरा अनुभव करना चाहते हैं, तो भारत में मसूरी के अलावा भी कई ऐसी खूबसूरत जगहें हैं जहां मौसम सुहावना रहता है और प्रकृति के बीच कुछ यादगार पल बिताए जा सकते हैं।
इस लेख में हम आपको भारत में गर्मियों में घूमने की 15 सबसे अच्छी जगहों 2026 के बारे में बताएंगे। इनमें पहाड़ों से लेकर हरी-भरी घाटियों और शांत Hill Stations तक कई खूबसूरत Destinations शामिल हैं।
मनाली और डलहौजी के अलावा हिमाचल में और भी कई जगहें हैं। पूरी जानकारी के लिए हिमाचल प्रदेश में घूमने की 15 सबसे खूबसूरत जगहें देख सकते हैं।
1. लद्दाख: Ladakh
गर्मियों में अगर आप ऐसी जगह घूमने का सोच रहे हैं जहां पहाड़ों की खूबसूरती के साथ थोड़ा रोमांच भी हो, तो लद्दाख आपको जरूर पसंद आएगा। यहां पहुंचते ही आसपास के ऊंचे-ऊंचे पहाड़, खुला आसमान और दूर तक जाती घुमावदार सड़कें सफर को खास बना देती हैं। मैदानी इलाकों में जब गर्मी अपने चरम पर होती है, उस समय लद्दाख का ठंडा और शुष्क मौसम एक अलग ही अनुभव देता है।
Pangong Lake का नीला पानी और उसके चारों तरफ नजर आते पहाड़ों का नजारा देखकर कुछ देर वहीं बैठे रहने का मन करता है। दूसरी तरफ Nubra Valley अपने शांत माहौल, खूबसूरत घाटियों और रेत के टीलों के लिए जानी जाती है। यहां दो-कूबड़ वाले ऊंटों को देखना भी अपने आप में एक अलग अनुभव है।
Best Things to Do in Ladakh
लद्दाख घूमने का असली मजा सिर्फ जगहें देखने में नहीं, बल्कि वहां के माहौल को महसूस करने में है। Pangong Lake के किनारे कुछ समय शांति से बैठना, Nubra Valley की खूबसूरत वादियों में घूमना और Leh की Local Market में टहलना ऐसी यादें हैं जो सफर खत्म होने के बाद भी याद आती रहती हैं। अगर आपको Road Trip पसंद है तो Ladakh की घुमावदार पहाड़ी सड़कों पर बाइक या कार से सफर करना अपने आप में एक शानदार Experience है। Adventure पसंद करने वाले लोग Trekking, River Rafting और Camping भी कर सकते हैं। रास्ते में मिलने वाली शांत Monasteries में कुछ समय बिताना भी इस सफर को एक अलग एहसास देता है।
अगर आप लद्दाख घूमने का पूरा plan बना रहे हैं और कहां जाएं, कब जाएं और कितने दिन का trip रखें जैसी जानकारी चाहते हैं, तो हमारा Ladakh Travel Guide 2026 भी एक बार जरूर पढ़ें।
2. कश्मीर: Kashmir
शहर की गर्मी और रोज की भागदौड़ से कुछ दिनों के लिए दूर जाना हो, तो कश्मीर का नाम अपने आप याद आ जाता है। पहाड़ों की ठंडी हवा, हरी-भरी घाटियां और रास्ते में दिखाई देने वाले खूबसूरत नजारे सफर को खास बना देते हैं। श्रीनगर पहुंचकर डल झील में शिकारा की सवारी करना कश्मीर Trip का ऐसा अनुभव है जिसे आसानी से भुलाया नहीं जा सकता। खासकर सुबह के समय झील पर धीरे-धीरे चलते शिकारे, पानी में पड़ती पहाड़ों की परछाई और चारों तरफ की शांति आपको कुछ देर के लिए रोजमर्रा की जिंदगी से बिल्कुल अलग महसूस कराती है।
कश्मीर सिर्फ श्रीनगर तक सीमित नहीं है। गर्मियों में गुलमर्ग, पहलगाम और सोनमर्ग की खूबसूरती भी देखने लायक होती है। गुलमर्ग की हरी ढलानों पर घूमना हो या पहलगाम में लिद्दर नदी के किनारे कुछ शांत समय बिताना, हर जगह का अपना अलग अनुभव है। सोनमर्ग जाते समय रास्ते में मिलने वाली घाटियां और ऊंचे पहाड़ सफर को और यादगार बना देते हैं।
कश्मीर घूमने के लिए अप्रैल से जून का समय अच्छा रहता है। हालांकि पहाड़ों में मौसम कभी भी बदल सकता है, इसलिए यात्रा पर निकलते समय हल्के गर्म कपड़े और जरूरी सामान साथ रखना समझदारी है। अगर आप गर्मियों में ऐसी जगह चाहते हैं जहां घूमने के साथ मन को भी थोड़ा सुकून मिले, तो कश्मीर को अपनी list में जरूर रख सकते हैं।
3. पिथौरागढ़: Pithoragarh
उत्तराखंड के कुमाऊं में स्थित पिथौरागढ़ को कुमाऊं की शान कहाँ जाता है इस हिल स्टेशन की खूबसूरती को देखने के बाद आप मसूरी की सुंदरता को भूल जायेगे आपको बता दे की पिथौरागढ़ का पुराना नाम सोरघाटी है क्या आप जानते है सोर शब्द का अर्थ होता है सरोवर यहाँ के स्थानीय लोगो का मानना है की पहले यहाँ सात सरोवर हुआ करते थे और दिन प्रतिदिन इन सरोवरों का पानी सूखता गया और यह धरती पठारी होती चली गई और बाद में पठारी भूमी होने के कारण इसको नाम पिथौरागढ़ पड़ गया। आपको बतादें की पिथौरागढ़ को छोटा कश्मीर भी कहाँ जाता है और एक हिल रिसोर्ट के रूप में भी प्रसिद्ध है यहाँ पर हनुमानगढ़ी का खास महत्व है जो की नगर से लगभग 2 किमी की दूरी पर स्थित है यहाँ से आप मुनस्यारी की सैर कर सकते है।
पिथौरागढ़ के मुख्य आकर्षण
- टूरिस्ट चौकोरी
- नंदा देवी
- नंदा कोट और पंचाचूली की पहाड़िया
- बेरीनाग-एक छोटा सा पहाड़ी गांव
- गंगोलीहाट
- हाट कलिका मंदिर - माँ काली का प्राचीन मंदिर
4. मनाली: Manali
मनाली का नाम आते ही आंखों के सामने ऊंचे पहाड़, देवदार के पेड़ और ठंडी पहाड़ी हवा का नजारा आने लगता है। गर्मियों में जब मैदानी इलाकों में गर्मी बढ़ जाती है, तब मनाली का सुहावना मौसम कुछ दिनों के लिए राहत देता है। ब्यास नदी के किनारे घूमते हुए और आसपास के पहाड़ों को देखते हुए सफर कब यादगार बन जाता है, पता ही नहीं चलता। सोलंग वैली में पहुंचकर पहाड़ों का नजारा देखने के साथ पैराग्लाइडिंग और दूसरी Adventure Activities का मजा लिया जा सकता है। वहीं ओल्ड मनाली की गलियों में घूमना, छोटे कैफे में बैठना और शाम को पहाड़ों के बीच समय बिताना एक अलग ही अनुभव देता है।
मनाली में करने लायक चीजें | Things to Do in Manali
मनाली घूमने जाएं तो सिर्फ प्रसिद्ध जगहों को देखकर वापस आने के बजाय यहां के माहौल को थोड़ा महसूस करने की कोशिश करें। कुछ अनुभव ऐसे हैं जो आपकी यात्रा को लंबे समय तक यादगार बनाए रखते हैं।
- सोलंग वैली जाएं – चारों तरफ पहाड़ों का नजारा और खुली ठंडी हवा मन को काफी अच्छा महसूस कराती है। रोमांच पसंद है तो यहां पैराग्लाइडिंग जैसी Activities भी कर सकते हैं।
- ओल्ड मनाली में थोड़ा वक्त बिताएं – यहां की छोटी गलियों में धीरे-धीरे घूमना, किसी कैफे में चाय पीना और आसपास के माहौल को देखना अपने आप में एक अच्छा अनुभव है।
- अटल टनल और सिस्सू की road trip करें – अगर आपको पहाड़ी रास्तों पर गाड़ी से घूमना पसंद है, तो यह सफर जरूर करें। रास्ते में बदलते पहाड़ और घाटियों के नजारे सफर को खास बना देते हैं।
- हिडिम्बा मंदिर देखें – देवदार के ऊंचे पेड़ों के बीच बना यह मंदिर मनाली की भीड़ से कुछ देर दूर शांत माहौल में समय बिताने की अच्छी जगह है।
- ब्यास नदी के पास बैठें – नदी का बहता पानी और सामने खड़े पहाड़ों को देखते हुए कुछ देर बैठना शायद मनाली के सबसे सुकून भरे अनुभवों में से एक है।
- हिमाचली खाना जरूर चखें – सफर में स्थानीय खाने का स्वाद लेना न भूलें। किसी छोटे लोकल ढाबे या भोजनालय में हिमाचली व्यंजन ट्राई करना trip को और खास बना सकता है।
5. स्पीति घाटी: Spiti Valley
अगर आपको ऐसी जगह घूमना पसंद है जहां रास्ते में भीड़ कम मिले और हर मोड़ पर कुछ नया देखने को मिले, तो स्पीति घाटी आपको जरूर पसंद आएगी। यहां का माहौल बाकी Hill Stations से थोड़ा अलग है। ऊंचे-ऊंचे भूरे पहाड़, दूर तक फैली घाटियां और छोटे-छोटे गांव देखकर ऐसा लगता है जैसे आप किसी दूसरी ही दुनिया में आ गए हों।
Spiti पहुंचने का सफर भी अपने आप में एक अनुभव है। रास्ते आसान नहीं हैं, लेकिन पहाड़ों के बीच गाड़ी से चलते हुए जो नजारे दिखाई देते हैं, उनकी वजह से सफर की थकान काफी हद तक भूल जाती है। Kaza पहुंचने के बाद आप आसपास की कई जगहों को आराम से Explore कर सकते हैं। Key Monastery, Langza, Hikkim और Komic की तरफ जाना इस यात्रा का खास हिस्सा हो सकता है।
Things to Do in Spiti Valley
स्पीति घूमने जाएं तो सिर्फ जगहें देखकर आगे बढ़ने के बजाय यहां के शांत माहौल और पहाड़ी जीवन को भी महसूस करें। कुछ अनुभव आपकी यात्रा को खास बना सकते हैं।
- की मठ जाएं – पहाड़ की ऊंचाई पर बने इस मठ से आसपास की घाटी का नजारा बेहद खूबसूरत दिखाई देता है।
- लांग्ज़ा और हिक्किम घूमें – छोटे-छोटे गांवों में घूमना और वहां के स्थानीय जीवन को करीब से देखना काफी अच्छा अनुभव रहता है।
- काज़ा में समय बिताएं – यहां बाजार में थोड़ा घूम सकते हैं, स्थानीय खाना चख सकते हैं और यात्रा के लिए जरूरी सामान भी ले सकते हैं।
- चंद्रताल झील देखें – झील तक पहुंचने का सफर थोड़ा रोमांचक है, लेकिन आसपास के पहाड़ों के बीच इसका नजारा सफर की थकान भुला देता है।
- तारों भरी रात का आनंद लें – स्पीति में शहर जैसी रोशनी न होने के कारण साफ रात में आसमान के तारे देखना अपने आप में एक यादगार अनुभव है।
- पहाड़ी रोड ट्रिप करें – घुमावदार सड़कें, ऊंचे पहाड़ और रास्ते में बदलते नजारे Spiti की यात्रा का सबसे खूबसूरत हिस्सा हैं।
6. बिनसर: Binsar
उत्तराखंड के अल्मोड़ा जिले से लगभग 33 किमी की दुरी पर स्थित बिनसर एक बहुत ही आकर्षक और खूबसूरत हिल स्टेशन है अगर आप एकांत और शांत जगह पर अपनी छुट्टियाँ बिताना चाहते है तो बिनसर आपके लिए सबसे अच्छी चॉइस है क्योंकि प्रकृति की गोद में बसा यह हिल स्टेशन बहुत ही शांत है घने देवदार के पेड़ और चारों तरफ फैली हरयाली इस हिल स्टेशन को बहुत ही मनमोहक बनाती है। यहाँ का मुख्य आकर्षण बिनसर महादेव का मंदिर है जो घने जंगल में स्थित है यह पवित्र मंदिर अपनी दिव्यता और आध्यात्मिकता के लिए प्रसिद्ध है इस मंदिर के लिए एक मान्यता है की यहाँ पर हर कोई मंदिर में नहीं आ सकता है ऐसे में जिसपर भगवान शंकर का आशीर्वाद होता है वही यहाँ मंदिर में दर्शन के लिए आता है इसके अलावा यहाँ बिनसर में बहुत से और भी पर्यटक स्थल है।
उत्तराखंड घूमने का plan है तो उत्तराखंड के 8 सबसे खूबसूरत Hill Stations की यह guide भी देख लेना, शायद आपकी अगली ट्रिप की जगह यहीं मिल जाए।
बिनसर के मुख्य आकर्षण
- बिनसर महादेव मंदिर
- जीरो पॉइंट
- बिनसर वन्य जीव अभ्यारण
- गोलू देवता मंदिर
- गनानाथ मंदिर
- खाली एस्टेट
- कसार देवी
7. औली: Auli
गर्मियों में अगर शहर की गर्मी से दूर कुछ दिन पहाड़ों में शांति से बिताना चाहते हैं, तो औली आपको पसंद आ सकता है। उत्तराखंड की पहाड़ियों में बसा औली चारों तरफ से देवदार के पेड़ों और ऊंची हिमालयी चोटियों से घिरा हुआ है। यहां की ठंडी हवा और शांत वातावरण में कुछ समय बिताना मन को अच्छा लगता है। औली की रोपवे यात्रा के दौरान नीचे फैली घाटी और आसपास के पहाड़ों का नजारा सफर को और खास बना देता है। अगर आपको प्रकृति के करीब रहना और बिना किसी जल्दबाजी के पहाड़ों को देखना पसंद है, तो गर्मियों में औली घूमने का अच्छा विकल्प है।
औली में करने लायक चीजें
औली घूमने जाएं तो यहां की खूबसूरती को जल्दी-जल्दी देखने के बजाय थोड़ा समय रुककर महसूस करना अच्छा लगता है। यहां कुछ ऐसे अनुभव हैं जिन्हें यात्रा में जरूर शामिल करना चाहिए।
- रोपवे की सवारी करें – ऊपर जाते समय नीचे छूटती घाटी और चारों तरफ फैले पहाड़ों को देखना अपने आप में यादगार अनुभव है।
- हरी ढलानों पर पैदल घूमें – गर्मियों में औली की ढलानें हरी हो जाती हैं। बिना किसी जल्दबाजी के यहां टहलना काफी सुकून देता है।
- गोरसों बुग्याल जाएं – अगर पैदल घूमना पसंद है, तो गोरसों बुग्याल तक जरूर जाएं। रास्ते में मिलने वाले पहाड़ी नजारे सफर को खास बना देते हैं।
- हिमालय की चोटियां देखें – साफ मौसम में दूर तक दिखाई देती बर्फ से ढकी चोटियों को देखकर कुछ देर वहीं खड़े रहने का मन करता है।
औली घूमने का सबसे अच्छा समय
औली जाने के लिए मार्च से जून का समय काफी अच्छा रहता है। इस दौरान मौसम न ज्यादा गर्म होता है और न ही बहुत ठंडा, इसलिए आसपास घूमने में परेशानी नहीं होती। पहाड़ों पर हरियाली दिखाई देने लगती है और साफ मौसम में दूर की चोटियां भी अच्छी तरह नजर आती हैं।
8. तवांग: Tawang
पहाड़ों में ऐसी जगह की तलाश है जहां रास्ता भी सफर का हिस्सा लगे और आसपास का माहौल मन को सुकून दे, तो तवांग एक अच्छा विकल्प है। अरुणाचल प्रदेश की पहाड़ियों में पहुंचते ही घुमावदार सड़कें, ठंडी हवा और चारों तरफ फैले पहाड़ आपका ध्यान खींचने लगते हैं। तवांग मठ यहां की खास जगहों में से एक है, जहां कुछ देर रुककर शांत माहौल को महसूस करना अच्छा लगता है। रास्ते में मिलने वाले छोटे गांव और बदलते पहाड़ी नजारे इस यात्रा को और यादगार बना देते हैं। अगर आपको प्रकृति और लंबी पहाड़ी यात्राएं पसंद हैं, तो गर्मियों में तवांग घूमना अच्छा अनुभव हो सकता है।
तवांग में क्या करें और कहां जाएं
तवांग पहुंचने के बाद सबसे पहले तवांग मठ जाना अच्छा रहेगा। यहां की शांति और आसपास के पहाड़ों का माहौल कुछ देर के लिए सफर की सारी थकान भुला देता है। मठ घूमने और आसपास का माहौल महसूस करने के लिए करीब 1–2 घंटे आराम से दे सकते हैं। इसके बाद तवांग बाजार में थोड़ा घूमना और किसी स्थानीय दुकान पर बैठकर कुछ खाने-पीने का स्वाद लेना भी अच्छा अनुभव रहता है।
अगले दिन सेला दर्रे और नूरानांग जलप्रपात की तरफ निकलें। सेला दर्रे तक पहुंचने का रास्ता ही अपने आप में खूबसूरत है। ऊंचे पहाड़ों के बीच जब सेला झील सामने दिखाई देती है, तो कुछ देर वहीं रुककर नजारा देखने का मन करता है। यहां करीब 1–2 घंटे आराम से बिताए जा सकते हैं। इसके बाद नूरानांग जलप्रपात जाएं, जहां पहाड़ों के बीच गिरते झरने को देखकर कुछ देर रुकना अच्छा लगता है। इसके लिए 30–60 मिनट काफी हैं।
एक दिन माधुरी झील और बुम ला दर्रा के लिए जरूर रखें। इन जगहों तक पहुंचने में समय लगता है, लेकिन रास्ते में मिलने वाले पहाड़ी नजारे सफर को खास बना देते हैं। सुबह जल्दी निकलना बेहतर रहेगा ताकि बिना जल्दबाजी के दोनों जगहों को देख सकें। बुम ला सीमा के पास स्थित है, इसलिए वहां जाने के लिए जरूरी अनुमति पहले से लेनी होती है।
मेरी सलाह होगी कि तवांग को सिर्फ एक-दो दिन में न निपटाएं। कम से कम 3–4 दिन रखें, ताकि रास्तों में मन करे तो कहीं रुक सकें, पहाड़ों को थोड़ा समय दे सकें और इस जगह की असली शांति को महसूस कर सकें। तवांग की खूबसूरती सिर्फ घूमने वाली जगहों में नहीं, बल्कि उन घुमावदार सड़कों, ठंडी हवा और रास्ते में अचानक सामने आ जाने वाले पहाड़ी नजारों में भी है।
9. गंगटोक, सिक्किम: Gangtok, Sikkim
गर्मियों में जब मैदानी इलाकों में गर्मी काफी बढ़ जाती है, तब गंगटोक जाने का अपना ही मजा है। पहाड़ों पर बसा यह शहर बहुत बड़ा नहीं है, लेकिन यहां घूमते हुए हर तरफ हरियाली, ठंडी हवा और पहाड़ों के नजारे मिलते रहते हैं। कुछ दिन शांति से बिताने और रोज की भागदौड़ से दूर रहने के लिए गंगटोक अच्छा विकल्प है।
गंगटोक पहुंचकर सबसे पहले MG Marg की तरफ जा सकते हैं। शाम के समय यहां टहलना, दुकानों को देखना या किसी छोटे से कैफे में बैठकर चाय पीना काफी अच्छा लगता है। इसके बाद Rumtek Monastery और Tashi Viewpoint घूम सकते हैं। मौसम साफ हो तो Tashi Viewpoint से दूर तक पहाड़ों का नजारा दिखाई देता है।
गंगटोक से एक दिन Tsomgo Lake और Baba Mandir के लिए जरूर रखें। वहां तक पहुंचने वाला पहाड़ी रास्ता भी सफर का मजा बढ़ा देता है। Tsomgo Lake के पास पहुंचकर कुछ देर रुकना और ठंडी हवा में आसपास के पहाड़ों को देखना काफी अच्छा अनुभव रहता है। इन जगहों पर जाने से पहले परमिट और मौसम की स्थिति जरूर पता कर लें।
अगर गर्मियों की जगह के साथ आप अपने पार्टनर के साथ किसी Romantic Trip का भी plan बना रहे हैं, तो भारत की 10 सबसे Romantic Honeymoon Places भी जरूर देखें।
10. दार्जिलिंग: Darjeeling
दार्जिलिंग का नाम सुनते ही पहाड़ी रास्ते, चाय के हरे-भरे बागान और ठंडी हवा का ख्याल आने लगता है। यहां का सफर सिर्फ घूमने वाली जगहों तक सीमित नहीं रहता। रास्ते में दिखते पहाड़, पुराने घर और छोटी-छोटी दुकानें धीरे-धीरे आपको इस जगह के माहौल में शामिल कर देती हैं। अगर कुछ दिन आराम से पहाड़ों के बीच बिताने हैं, तो दार्जिलिंग एक अच्छा विकल्प है।
दार्जिलिंग में करने लायक चीजें | Things to Do in Darjeeling
दार्जिलिंग में घूमने का मजा सिर्फ Famous जगहों को देखने में नहीं है। यहां कुछ ऐसे छोटे-छोटे अनुभव भी हैं जिन्हें करते हुए आपको असली दार्जिलिंग महसूस होता है। कभी पहाड़ों को देखते हुए चाय पीना, तो कभी बिना किसी जल्दी के Mall Road पर घूमते रहना, ये पल ट्रिप की अच्छी याद बन जाते हैं।
- Tiger Hill पर सूर्योदय देखें – इसके लिए सुबह काफी जल्दी निकलना पड़ता है, लेकिन मौसम साफ हो तो पहाड़ों के पीछे से धीरे-धीरे निकलता सूरज देखना सच में अच्छा लगता है। ठंडी सुबह और सामने बदलता आसमान इस जगह की खासियत है।
- Toy Train में सफर करें – Darjeeling Himalayan Railway की Toy Train में बैठकर पहाड़ों के बीच धीरे-धीरे आगे बढ़ना अपने आप में अलग अनुभव है। ट्रेन की रफ्तार भले ही कम हो, लेकिन खिड़की के बाहर के नजारे देखने का मजा इसी में है।
- Batasia Loop जाएं – यहां ट्रेन को घुमावदार रास्ते से गुजरते देखना और चारों तरफ फैले पहाड़ों को निहारना अच्छा लगता है। मौसम साफ हो तो कुछ देर रुककर तस्वीरें भी ले सकते हैं।
- चाय के बागानों में थोड़ा समय बिताएं – दार्जिलिंग की पहचान उसकी चाय भी है। हरे-भरे बागानों के बीच घूमते हुए चाय की खुशबू और शांत माहौल शहर की भीड़ से बिल्कुल अलग महसूस होता है।
- Chowrasta और Mall Road पर शाम बिताएं – शाम के समय यहां टहलने का अपना अलग मजा है। दुकानों को देखते हुए धीरे-धीरे चलें, किसी कैफे में बैठें और एक कप गर्म चाय के साथ पहाड़ों की ठंडी हवा का आनंद लें।
- Ghoom Monastery देखें – अगर आप दार्जिलिंग की स्थानीय संस्कृति और शांत माहौल को महसूस करना चाहते हैं, तो यहां कुछ समय जरूर बिताएं। जगह की शांति आपको थोड़ी देर रुकने पर मजबूर कर देती है।
- एक कप असली Darjeeling Tea जरूर पिएं – किसी Local Tea Shop या छोटे Tea House में बैठकर गर्म चाय पीना शायद छोटी बात लगे, लेकिन पहाड़ों के माहौल में इसका स्वाद ही अलग महसूस होता है।
- थोड़ा पैदल घूमकर दार्जिलिंग को महसूस करें – हर जगह taxi से पहुंचने की बजाय कभी-कभी पैदल भी निकलें। पहाड़ी गलियों, पुराने घरों, छोटी दुकानों और रास्ते में दिखने वाले नजारों में दार्जिलिंग का असली Charm देखने को मिलता है।
11. मुन्नार: Munnar
केरल की यात्रा में अगर समुद्र और बीच(Beaches) से हटकर कुछ दिन पहाड़ों के बीच बिताने का मन हो, तो मुन्नार पहुंचते ही माहौल बिल्कुल बदल जाता है। रास्ते में दोनों तरफ फैले चाय के बागान, घुमावदार पहाड़ी सड़कें और बादलों से घिरे पहाड़ सफर को खूबसूरत बना देते हैं। कई जगह तो ऐसा लगता है कि बस गाड़ी रोककर कुछ देर वहीं खड़े होकर इन नजारों को देखते रहें। जैसे-जैसे ऊपर चढ़ते हैं, गर्मी पीछे छूटती जाती है और ठंडी हवा सफर की थकान भी कम कर देती है।
मुन्नार की सुबह का अपना अलग ही मजा है। पहाड़ियों पर हल्की धुंध, ठंडी हवा और चारों तरफ फैली हरियाली के बीच चाय के बागानों में घूमना मन को काफी सुकून देता है। Mattupetty Dam, Echo Point और Kundala Lake जैसी जगहों को एक दिन में जल्दबाजी से देखने के बजाय थोड़ा समय देकर घूमना बेहतर लगता है। कहीं शांत बैठकर झील को देखना, पहाड़ों के बीच हवा महसूस करना या रास्ते में एक कप गर्म चाय पी लेना यही छोटे-छोटे पल मुन्नार की यात्रा को यादगार बना देते हैं।
मुन्नार में करने लायक चीजें | Things to Do in Munnar
मुन्नार में घूमते समय जल्दबाजी न करें। यहां चाय के बागानों, ठंडी हवा और पहाड़ी नजारों के बीच थोड़ा रुकना ही सफर का असली मजा है।
- चाय के बागानों में घूमें – हरी पहाड़ियों और ठंडी हवा के बीच घूमना यादगार अनुभव रहता है।
- Mattupetty Dam जाएं – झील और पहाड़ों का नजारा देखें और समय मिले तो Boating करें।
- Kundala Lake देखें – शांत माहौल में कुछ समय बिताएं और आसपास की हरियाली का आनंद लें।
- Echo Point जाएं – पहाड़ों के बीच आवाज की गूंज सुनना बच्चों के साथ खासा मजेदार रहता है।
- Tea Museum घूमें – मुन्नार की चाय और उसकी खेती के बारे में जानने का अच्छा मौका मिलता है।
12. ऊटी: Ooty
तमिलनाडु का ऊटी गर्मियों में कुछ दिन शहर की गर्मी से दूर पहाड़ों के बीच बिताने के लिए अच्छा विकल्प है। ऊटी की तरफ जाते हुए घुमावदार सड़कें, चारों तरफ फैली हरियाली और ठंडी हवा धीरे-धीरे सफर का पूरा माहौल बदल देती है। यहां पहुंचकर Ooty Lake, Botanical Garden और Doddabetta Peak जैसी जगहों को आराम से घूम सकते हैं।
अगर थोड़ा अलग अनुभव लेना चाहते हैं, तो Nilgiri Mountain Railway की Toy Train में सफर जरूर करें। पहाड़ों के बीच धीरे-धीरे चलती ट्रेन और खिड़की से दिखाई देते जंगल व घाटियों के नजारे सफर की अच्छी याद बन जाते हैं। ऊटी में घूमते समय थोड़ा वक्त बिना किसी जल्दी के आसपास की हरियाली और ठंडे मौसम को महसूस करने के लिए भी रखें।
अगर आप भीड़भाड़ वाले tourist places से थोड़ा दूर किसी शांत पहाड़ी जगह पर कुछ दिन बिताना चाहते हैं, तो Nahan Travel Guide 2026 भी एक बार जरूर पढ़ें। यहां आपको नाहन की घूमने वाली जगहों, सही समय और यात्रा से जुड़ी जरूरी जानकारी मिल जाएगी।
13. कूर्ग: Coorg
कर्नाटक का कूर्ग (Coorg) पहुंचते ही सबसे पहले इसकी हरियाली ध्यान खींचती है। चारों तरफ फैले कॉफी के बागान, घने पेड़ और घुमावदार पहाड़ी रास्ते सफर को काफी शांत बना देते हैं। यहां Abbey Falls, Raja’s Seat और Mandalpatti जैसी जगहों पर घूम सकते हैं। अगर कॉफी पसंद है, तो किसी Plantation में जाना न भूलें। बागानों के बीच घूमते हुए कॉफी के बारे में जानना और वहीं एक कप ताजी कॉफी पीना इस सफर का अच्छा अनुभव रहता है।
कूर्ग में घूमने की सबसे अच्छी बात यही है कि यहां हर जगह जल्दी पहुंचने की जरूरत महसूस नहीं होती। सुबह ठंडी हवा में कॉफी के बागानों के बीच टहलना और शाम को किसी शांत जगह बैठकर पहाड़ियों को देखते रहना काफी सुकून देता है। अगर आप गर्मियों में भीड़ से थोड़ा दूर, प्रकृति के बीच आराम से समय बिताना चाहते हैं, तो कूर्ग को अपनी List में जरूर रख सकते हैं।
कूर्ग में क्या करें और कितना समय दें
कूर्ग को अच्छे से घूमने के लिए 2–3 दिन का समय रखें। यहां घूमते समय बहुत ज्यादा जगहें एक साथ Cover करने की कोशिश न करें। थोड़ा आराम से घूमना और रास्ते में मिलने वाली हरियाली का मजा लेना ज्यादा अच्छा लगता है।
- Abbey Falls – झरने तक जाएं, आसपास घूमें और कुछ देर माहौल का आनंद लें। करीब 1 घंटा
- Raja’s Seat – शाम के समय यहां से पहाड़ियों के पीछे ढलता सूरज देखना अच्छा लगता है। 45 मिनट–1 घंटा
- Mandalpatti – खुली पहाड़ियों और घाटी के नजारे के लिए यह जगह जरूर देखें। 2–3 घंटे
- Coffee Plantation – कॉफी के पेड़ों के बीच घूमना और Plantation Tour करना कूर्ग के खास Experiences में से एक है। 1–2 घंटे
- Dubare Elephant Camp – प्रकृति के बीच कुछ समय बिताने और Camp की Activities देखने के लिए 2–3 घंटे रखें।
- Madikeri – बाजार में थोड़ा घूमना, Local Food चखना और शहर का माहौल देखना हो तो 1–2 घंटे काफी हैं।
अगर आपके पास 3 दिन हैं, तो पहले दिन Madikeri और Abbey Falls, दूसरे दिन Mandalpatti और Coffee Plantation और तीसरे दिन Dubare या आसपास की किसी जगह के लिए समय रख सकते हैं। कूर्ग में घूमने का मजा इसी में है कि हर जगह पहुंचने की जल्दी न हो कभी रास्ते में कोई अच्छा नजारा मिले तो रुक जाएं, एक कप कॉफी पिएं और पहाड़ों के बीच कुछ पल आराम से बिताएं।
14. डलहौजी: Dalhousie
हिमाचल की पहाड़ियों में पहुंचते ही डलहौजी का माहौल आपको रोज की भागदौड़ से थोड़ा दूर कर देता है। चारों तरफ देवदार के पेड़, ठंडी हवा और घुमावदार पहाड़ी सड़कें देखकर सफर का मजा अपने आप बढ़ जाता है। यहां घूमने की खास बात यही है कि हर समय किसी जगह को जल्दी-जल्दी देखने की जरूरत महसूस नहीं होती। कभी सड़क किनारे रुककर पहाड़ों को देखना, तो कभी ठंडी हवा में कुछ देर पैदल चलना भी काफी अच्छा लगता है।
डलहौजी में Khajjiar, Panchpula और St. John’s Church जैसी जगहों को अपनी यात्रा में शामिल कर सकते हैं। खासकर Khajjiar पहुंचकर उसकी खुली हरी वादियों में कुछ देर बैठना और आसपास के पहाड़ों को देखना काफी सुकून देता है। शाम को Mall Road पर धीरे-धीरे घूमते हुए किसी छोटी दुकान से कुछ खाना या कैफे में बैठकर गर्म चाय पीना इस पहाड़ी सफर की अच्छी याद बन सकता है।
डलहौजी के बारे में रोचक तथ्य | Interesting Facts About Dalhousie
डलहौजी घूमने से पहले इसके बारे में कुछ बातें जान लेना सफर को थोड़ा और दिलचस्प बना देता है।
- डलहौजी की स्थापना 1854 में हुई थी। इसका नाम उस समय के ब्रिटिश गवर्नर-जनरल लॉर्ड डलहौजी के नाम पर रखा गया था।
- यह हिल स्टेशन समुद्र तल से करीब 2,000 मीटर की ऊंचाई पर बसा है। इसी वजह से गर्मियों में भी यहां का मौसम मैदानी इलाकों की तुलना में काफी सुहावना रहता है।
- डलहौजी की पहचान सिर्फ ठंडे मौसम से नहीं है। यहां के देवदार और चीड़ के जंगल, पुराने ब्रिटिश दौर की इमारतें और शांत पहाड़ी रास्ते इसकी खास पहचान हैं।
- डलहौजी के पास स्थित खज्जियार को उसकी खूबसूरत हरी वादियों और प्राकृतिक नजारों के कारण “Mini Switzerland of India” के नाम से भी जाना जाता है।
- डलहौजी का इलाका मुख्य रूप से पांच पहाड़ियों Kathlog, Potreyn, Terah, Bakrota और Bhangora पर फैला हुआ है।
- Gandhi Chowk और Subhash Chowk डलहौजी की लोकप्रिय जगहों में शामिल हैं। यहां घूमने के साथ स्थानीय दुकानों और खाने-पीने की चीजों का आनंद लिया जा सकता है।
- मौसम साफ हो तो डलहौजी के कई हिस्सों से Dhauladhar Range के पहाड़ी नजारे दिखाई देते हैं। सुबह या शाम के समय ये views काफी अच्छे लगते हैं।
- डलहौजी में St. John’s Church और St. Francis Church जैसे पुराने चर्च भी हैं, जो यहां के औपनिवेशिक दौर की झलक दिखाते हैं।
- डलहौजी की खूबसूरती सिर्फ Tourist Spots में नहीं है। यहां के walking trails, जंगलों से गुजरते रास्ते और शांत वातावरण उन लोगों को खास पसंद आते हैं जो पहाड़ों में कुछ समय बिना जल्दबाजी के बिताना चाहते हैं।
15. कोडाइकनाल: Kodaikanal
तमिलनाडु का कोडाइकनाल गर्मियों में कुछ दिन शहर की गर्मी से दूर बिताने के लिए एक अच्छा विकल्प है। पहाड़ियों के बीच बसा यह हिल स्टेशन अपनी हरियाली, घुमावदार सड़कों और ठंडे मौसम के लिए जाना जाता है। जैसे-जैसे आप ऊपर की तरफ बढ़ते हैं, मौसम बदलने लगता है और मैदानी इलाकों की गर्मी काफी पीछे छूट जाती है।
कोडाइकनाल पहुंचकर Kodaikanal Lake के आसपास घूमना अच्छा लगता है। खासकर शाम के समय झील के किनारे ठंडी हवा में कुछ देर बैठना और आसपास का माहौल देखना काफी सुकून देता है। अगर पैदल घूमना पसंद है, तो Coaker's Walk जरूर जाएं। वहीं Pillar Rocks से पहाड़ियों और घाटियों का नजारा देखने का अपना अलग मजा है। मौसम साफ हो तो दूर तक फैली हरियाली और पहाड़ काफी खूबसूरत दिखाई देते हैं।
कोडाइकनाल के बारे में रोचक तथ्य
कोडाइकनाल सिर्फ एक ठंडी जगह नहीं है, इसके पीछे कई ऐसी बातें हैं जो पहली यात्रा को थोड़ा और रोचक बना देती हैं।
- “Princess of Hill Stations” के नाम से मशहूर – कोडाइकनाल को अक्सर इस नाम से जाना जाता है। पहाड़ों, हरियाली और शांत माहौल की वजह से यह नाम यहां काफी सही भी लगता है।
- समुद्र तल से करीब 2,100 मीटर की ऊंचाई – इतनी ऊंचाई पर होने के कारण गर्मियों में भी यहां का मौसम मैदानी इलाकों की तुलना में काफी सुहावना रहता है।
- Kodaikanal Lake है खास – शहर के बीच स्थित यह झील प्राकृतिक नहीं बल्कि मानव निर्मित है। इसके आसपास घूमना, साइकिल चलाना या कुछ देर बैठकर पानी और पहाड़ियों को देखना यात्रियों को काफी पसंद आता है।
- Coaker's Walk का अपना अलग अनुभव – यह पैदल चलने वाला रास्ता है जहां से आसपास की पहाड़ियों और घाटियों के नजारे दिखाई देते हैं। सुबह या शाम यहां टहलना काफी अच्छा लगता है।
- Pillar Rocks तीन बड़ी चट्टानों का समूह है – ये विशाल चट्टानें कोडाइकनाल के प्रसिद्ध natural attractions में शामिल हैं। बादल और धुंध के बीच इनका नजारा कई बार बिल्कुल अलग दिखाई देता है।
- कोडाइकनाल की पहचान सिर्फ Sightseeing नहीं है – यहां के Pine Forest, घुमावदार पहाड़ी रास्ते और शांत वातावरण उन लोगों को ज्यादा पसंद आते हैं जो बिना जल्दबाजी के घूमना चाहते हैं।
- फल और Homemade Chocolates भी लोकप्रिय हैं – कोडाइकनाल की यात्रा के दौरान स्थानीय दुकानों में मिलने वाली Homemade Chocolates और पहाड़ी फलों को जरूर ट्राई किया जा सकता है।
- मौसम अचानक बदल सकता है – गर्मियों में दिन का मौसम सुहावना रहता है, लेकिन पहाड़ों में बारिश और ठंडी हवा कभी भी मिल सकती है। इसलिए हल्की Jacket या Rain Protection साथ रखना काम आता है।
अगर आपके पास लंबी छुट्टी नहीं है और दिल्ली-NCR से ही 2–3 दिन के लिए निकलना चाहते हैं, तो दिल्ली के पास घूमने की 20 सबसे अच्छी जगहें 2026 वाली हमारी guide भी देख सकते हैं। इसमें आसपास की घूमने लायक जगहों के बारे में आसान तरीके से जानकारी दी गई है।
भारत में गर्मियों में घूमने की 15 सबसे अच्छी जगहें – FAQ
1. गर्मियों में घूमने के लिए सबसे अच्छी जगह कौन सी है
गर्मी से बचना है तो कश्मीर, मनाली, लद्दाख, औली और तवांग बढ़िया ऑप्शन हैं। बस मौसम देखकर निकलो।
2. गर्मियों में सबसे ठंडी जगह कौन सी है
लद्दाख, स्पीति और तवांग जैसे ऊंचे इलाकों में गर्मियों में भी अच्छी-खासी ठंड मिल जाती है।
3. गर्मियों में पहाड़ों पर घूमने का सही समय क्या है
ज्यादातर हिल स्टेशन के लिए अप्रैल से जून का समय ठीक रहता है। निकलने से पहले मौसम जरूर देख लेना।
4. गर्मियों में कम भीड़ वाली जगह कहां जाएं
अगर ज्यादा भीड़ पसंद नहीं है तो बिनसर, पिथौरागढ़, स्पीति और कूर्ग जैसे शांत destinations देख सकते हैं।
5. गर्मियों में बजट में कहां घूम सकते हैं
शिमला, डलहौजी, ऊटी और दार्जिलिंग में Budget के हिसाब से रहने और खाने के विकल्प मिल जाते हैं।
6. क्या गर्मियों में लद्दाख घूम सकते हैं
हां, गर्मियों में लद्दाख घूमने का अच्छा मौका रहता है। बस ऊंचाई के हिसाब से शरीर को थोड़ा time देना जरूरी है।
7. गर्मियों में दक्षिण भारत में कहां घूमना चाहिए
मुन्नार, ऊटी, कूर्ग और कोडाइकनाल गर्मियों में घूमने के लिए बढ़िया विकल्प हैं।
8. गर्मियों में पहाड़ों पर क्या सामान लेकर जाएं
हल्की Jacket, अच्छे Shoes, Sunglasses, Sunscreen और बारिश से बचने का सामान रख लेना। पहाड़ का मौसम कब बदल जाए, कुछ कह नहीं सकते।
















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